संगम साहित्य के संरक्षक कौन थे?

[1] नायक
[2] चंदेल
[3] पांड्य
[4] सोलंकी

उत्तर: (3] पांड्य

व्याख्या: संगम एक प्राचीन अकादमी थी जो तमिल कवियों और लेखकों को समय-समय पर अपनी कृतियों को प्रकाशित करने में सहायता करती थी। पांड्य राजाओं के संरक्षण में संगम अकादमी की बैठक का आयोजन समय-समय पर दक्षिण भारत के मदुरै शहर में किया जाता था। संगम साहित्य में वर्तमान तमिल साहित्य का प्राचीनतम साहित्य समाविष्ट है जो प्रेम, वियोग, युद्ध, शासन और व्यापार पर प्रकाश डालता है।

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